चमोली जिले में मंगलवार रात भीषण भूकंप के झटके
उत्तराखंड के चमोली जिले में मंगलवार रात भीषण भूकंप के झटके महसूस किए गए, जिसकी तीव्रता राष्ट्रीय भूकंप विज्ञान केंद्र (NCS) के अनुसार 4.9 मापी गई है. यह भूकंप 6 अक्टूबर 2026 को रात करीब 10:23 बजे आया, जिसके झटके न सिर्फ उत्तराखंड बल्कि दिल्ली-NCR समेत उत्तर भारत के कई हिस्सों में महसूस किए गए.
Uttarakhand Earthquake News: उत्तराखंड के चमोली में आया 4.9 तीव्रता का भूकंप, दिल्ली-NCR तक हिली धरती; दहशत में आए लोग
देहरादून/चमोली: उत्तराखंड में एक बार फिर कुदरत का अलर्ट देखने को मिला है। मंगलवार (6 अक्टूबर 2026) की रात राज्य के चमोली जिले में भूकंप के तेज झटके महसूस किए गए. राष्ट्रीय भूकंप विज्ञान केंद्र (National Centre for Seismology) के मुताबिक, रिक्टर स्केल पर भूकंप की तीव्रता 4.9 दर्ज की गई है. भूकंप का असर इतना व्यापक था कि इसके झटके उत्तराखंड के पहाड़ी और मैदानी जिलों के साथ-साथ देश की राजधानी दिल्ली और पूरे एनसीआर (Delhi-NCR) में भी महसूस किए गए.
भूकंप से जुड़ी मुख्य बातें:
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- तारीख और समय: यह भूकंप 6 अक्टूबर 2026 को रात ठीक 10:23 बजे आया.
- भूकंप का केंद्र (Epicentre): भूकंप का मुख्य केंद्र उत्तराखंड का चमोली जिला था, जिसकी गहराई जमीन के अंदर 13 किलोमीटर मापी गई है.
- प्रभावित क्षेत्र: उत्तराखंड के चमोली, रुद्रपुर, बागेश्वर, चंपावत, नैनीताल, श्रीनगर गढ़वाल, पौड़ी और हल्द्वानी समेत कई इलाकों में धरती हिलने का अहसास हुआ. वहीं दिल्ली-एनसीआर में भी ऊंची इमारतों में रहने वाले लोगों को तेज झटके महसूस हुए.
- जान-माल का नुकसान: गनीमत यह रही कि अभी तक राज्य में कहीं से भी किसी प्रकार के जान-माल के बड़े नुकसान या इंफ्रास्ट्रक्चर टूटने की खबर नहीं है. आपदा प्रबंधन की टीमें और स्थानीय प्रशासन पूरी स्थिति पर पैनी नजर बनाए हुए हैं.

दहशत में घरों से बाहर भागे लोग
रात के समय अचानक आए इस भूकंप के कारण लोगों में हड़कंप मच गया। चमोली और बागेश्वर जैसे पहाड़ी क्षेत्रों में लोग करीब 5 से 6 सेकंड तक धरती डोलने के बाद घबराकर अपने घरों से बाहर खुले मैदानों की तरफ भाग निकले. सोशल मीडिया पर भी भूकंप के बाद लोगों ने तुरंत एक-दूसरे की कुशलक्षेम पूछनी शुरू कर दी और कई वीडियो व पोस्ट शेयर किए.
भू-वैज्ञानिकों के अनुसार, उत्तराखंड का अधिकांश हिस्सा भूकंप के लिहाज से बेहद संवेदनशील (Seismically Sensitive Zone) माना जाता है, इसलिए प्रशासन ने लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है.
