UKSSSC पेपर लीक मामला: छात्रों का प्रदर्शन जारी
उत्तराखंड में 21 सितंबर 2025 को आयोजित UKSSSC स्नातक स्तरीय भर्ती परीक्षा में पेपर लीक की घटना ने राज्यभर में भारी आक्रोश और विरोध प्रदर्शन को जन्म दिया है। इस मामले में मुख्य आरोपी मोहम्मद खालिद मलिक को हरिद्वार से गिरफ्तार किया गया है, जबकि उनकी बहन सबिया पहले ही गिरफ्तार हो चुकी हैं। राज्य सरकार ने मामले की निष्पक्ष जांच के लिए एक विशेष जांच दल (SIT) गठित किया है, जिसकी निगरानी एक सेवानिवृत्त उच्च न्यायालय के न्यायाधीश करेंगे

मुख्य घटनाक्रम
- पेपर लीक का तरीका: खालिद मलिक ने परीक्षा केंद्र का दो बार निरीक्षण किया और परीक्षा से एक दिन पहले एक निर्माणाधीन भवन में मोबाइल फोन छुपाया। परीक्षा के दौरान उन्होंने तीन प्रश्नपत्रों के पन्नों की तस्वीरें लीं और अपनी बहन सबिया के माध्यम से उन्हें सहायक प्रोफेसर सुमन चौहान तक पहुंचाया।
- प्रदर्शन और मांगें: देहरादून के परेड ग्राउंड में सैकड़ों छात्रों ने परीक्षा रद्द करने और सीबीआई जांच की मांग को लेकर प्रदर्शन किया। छात्रों का आरोप है कि यह पेपर लीक एक संगठित साजिश का हिस्सा है, जो युवाओं के भविष्य को प्रभावित कर रहा है

मुख्यमंत्री की प्रतिक्रिया: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने इस घटना को “नकल जिहाद” करार देते हुए आरोपियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की चेतावनी दी है। उन्होंने कहा कि राज्य में पिछले चार वर्षों में 25,000 युवाओं को मेरिट के आधार पर सरकारी नौकरी मिली है, और यह साजिश उनके प्रयासों को विफल करने के लिए की गई है
SIT जांच: राज्य सरकार ने मामले की निष्पक्ष जांच के लिए एक SIT गठित की है, जो हरिद्वार सहित विभिन्न जिलों में जांच करेगी। जांच की निगरानी एक सेवानिवृत्त उच्च न्यायालय के न्यायाधीश करेंगे, और यह प्रक्रिया एक माह में पूरी होने की उम्मीद है
